ग्रंथवाल्मीकि रामायणसुन्दरकाण्डसर्ग 99.15वाल्मीकि रामायण 9.15ज्वलन अर्क प्रतीकाशम् सुक्Rतम् विश्व कर्मणा । हेम सोपान सम्युक्तम् चारु प्रवर वेदिकम् ॥५-९-१५॥पिछलाअगलापूरा अध्याय