ग्रंथऋग्वेदमण्डल 1सूक्त 2525.11ऋग्वेद 25.11अतो॒ विश्वा॒न्यद्भु॑ता चिकि॒त्वाँ अ॒भि प॑श्यति । कृ॒तानि॒ या च॒ कर्त्वा॑ ॥११॥पिछलाअगलापूरा अध्याय