Utshovऐप डाउनलोड करें

शुक्ल यजुर्वेद (माध्यन्दिन) 35.4

अ॒श्व॒त्थे वो॑ नि॒षद॑नं प॒र्णे वो॑ वस॒तिष्कृ॒ता ।
गो॒भाज॒ इत्किला॑सथ॒ यत्स॒नव॑थ॒ पूरु॑षम् ॥४॥

पूरा अध्याय