Utshovऐप डाउनलोड करें

शुक्ल यजुर्वेद (काण्व) 10.26

वाजि॑नो वाजजितो॒ वाज॑ᳪ ससृ॒वाᳪसः॑। बृह॒स्पते॑र्भा॒गमव॑जिघ्रत निमृजा॒नाः ॥१३॥

पूरा अध्याय