ग्रंथवाल्मीकि रामायणउत्तरकाण्डसर्ग 3636.41वाल्मीकि रामायण 36.41एष शापवशादेव न वेद बलमात्मनः । वालिसुग्रीवयोर्वैरं यदा राम समुत्थितम् ।। ७.३६.४१ ॥पिछलाअगलापूरा अध्याय