Utshovऐप डाउनलोड करें

वाल्मीकि रामायण 23.28

प्रतिजाने च ते वीर मा भूवम् वीर लोक भाक् ।
राज्यम् च तव रक्षेयम् अहम् वेला इव सागरम् ॥२-२३-२८॥

पूरा अध्याय