ग्रंथवाल्मीकि रामायणअयोध्याकाण्डसर्ग 112112.28वाल्मीकि रामायण 112.28इत्युक्त्वा ऽश्रुपरीताक्षो भ्रातरं विससर्ज ह ॥ २.११२.२८॥पिछलाअगलापूरा अध्याय