ग्रंथऋग्वेदमण्डल 5सूक्त 5151.15ऋग्वेद 51.15स्व॒स्ति पन्था॒मनु॑ चरेम सूर्याचन्द्र॒मसा॑विव । पुन॒र्दद॒ताघ्न॑ता जान॒ता सं ग॑मेमहि ॥१५॥पिछलापूरा अध्याय