Utshovऐप डाउनलोड करें

शुक्ल यजुर्वेद (माध्यन्दिन) 33.78

ब्रह्मा॑णि मे म॒तय॒ः शᳪ सु॒तास॒ः शुष्म॑ इयर्ति॒ प्रभृ॑तो मे॒ अद्रि॑ः ।
आ शा॑सते॒ प्रति॑ हर्यन्त्यु॒क्थेमा हरी॑ वहत॒स्ता नो॒ अच्छ॑ ॥७८॥

पूरा अध्याय