ग्रंथशुक्ल यजुर्वेद (माध्यन्दिन)अध्याय 1111.14शुक्ल यजुर्वेद (माध्यन्दिन) 11.14योगे॑-योगे त॒वस्त॑रं॒ वाजे॑-वाजे हवामहे । सखा॑य॒ इन्द्र॑मू॒तये॑ ॥१४॥पिछलाअगलापूरा अध्याय