Utshovऐप डाउनलोड करें

शुक्ल यजुर्वेद (काण्व) 4.6

आ वो॑ देवास ईमहे वा॒मं प्र॑य॒त्य॑ध्व॒रे । आ वो॑ देवास आ॒शिषो॑ य॒ज्ञिया॑सो हवामहे ॥३॥

पूरा अध्याय