ग्रंथवाल्मीकि रामायणयुद्धकाण्डसर्ग 7272.12वाल्मीकि रामायण 72.12अप्रमत्तैश्च सर्वत्र गुप्तै रक्ष्या पुरी त्वियम् । । ६.७२.१२ ।।पिछलाअगलापूरा अध्याय