Utshovऐप डाउनलोड करें

वाल्मीकि रामायण 60.85

तं समुत्थाप्य भीमाक्षं भीमरूपपराक्रमम् ।
राक्षसास्त्वरिता जग्मुर्दशग्रीवनिवेशनम् ।। ६.६०.८५ ।।।।

पूरा अध्याय