ग्रंथवाल्मीकि रामायणयुद्धकाण्डसर्ग 2222.35वाल्मीकि रामायण 22.35मुमोच तम् शरम् दीप्तम् परम् सागरदर्शनात् । तेन तन्मरुकान्तारम् प्^इथिव्याम् किल विश्रुतम् ॥६-२२-३५॥पिछलाअगलापूरा अध्याय