ग्रंथवाल्मीकि रामायणसुन्दरकाण्डसर्ग 4040.21वाल्मीकि रामायण 40.21अश्रुपूर्णमुखी दीना बाष्पगद्गदया गिरा । । ५.४०.२१।।।।पिछलाअगलापूरा अध्याय