ग्रंथवाल्मीकि रामायणअरण्यकाण्डसर्ग 3434.22वाल्मीकि रामायण 34.22ताम् तु दृष्ट्वा अद्य वैदेहीम् पूर्ण चन्द्र निभ आननाम् ॥३-३४-२२॥पिछलाअगलापूरा अध्याय