ग्रंथवाल्मीकि रामायणअरण्यकाण्डसर्ग 2222.9वाल्मीकि रामायण 22.9नील जीमूत वर्णानाम् लोक हिंसा विहाराणाम् । सर्व उद्योगम् उदीर्णानाम् रक्षसाम् सौम्य कारय ॥३-२२-९॥पिछलाअगलापूरा अध्याय