ग्रंथवाल्मीकि रामायणअयोध्याकाण्डसर्ग 44.40वाल्मीकि रामायण 4.40कल्याणे बत न्क्षत्रे मयि जातोऽसि पुत्रक । येन त्वया दशरथो गुणैराराधितः पिता ॥२-४-४०॥पिछलाअगलापूरा अध्याय