ग्रंथऋग्वेदमण्डल 9सूक्त 6565.5ऋग्वेद 65.5आ प॑वस्व सु॒वीर्यं॒ मन्द॑मानः स्वायुध । इ॒हो ष्वि॑न्द॒वा ग॑हि ॥५॥पिछलाअगलापूरा अध्याय