Utshovऐप डाउनलोड करें

ऋग्वेद 27.1

ए॒ष क॒विर॒भिष्टु॑तः प॒वित्रे॒ अधि॑ तोशते । पु॒ना॒नो घ्नन्नप॒ स्रिध॑ः ॥१॥

पूरा अध्याय