Utshovऐप डाउनलोड करें

ऋग्वेद 16.7

दि॒वो न सानु॑ पि॒प्युषी॒ धारा॑ सु॒तस्य॑ वे॒धस॑ः । वृथा॑ प॒वित्रे॑ अर्षति ॥७॥

पूरा अध्याय