ग्रंथऋग्वेदमण्डल 8सूक्त 9393.12ऋग्वेद 93.12अधा॑ ते॒ अप्र॑तिष्कुतं दे॒वी शुष्मं॑ सपर्यतः । उ॒भे सु॑शिप्र॒ रोद॑सी ॥१२॥पिछलाअगलापूरा अध्याय