ग्रंथऋग्वेदमण्डल 8सूक्त 7575.2ऋग्वेद 75.2उ॒त नो॑ देव दे॒वाँ अच्छा॑ वोचो वि॒दुष्ट॑रः । श्रद्विश्वा॒ वार्या॑ कृधि ॥२॥पिछलाअगलापूरा अध्याय