ग्रंथऋग्वेदमण्डल 6सूक्त 6161.9ऋग्वेद 61.9सा नो॒ विश्वा॒ अति॒ द्विष॒ः स्वसॄ॑र॒न्या ऋ॒ताव॑री । अत॒न्नहे॑व॒ सूर्य॑ः ॥९॥पिछलाअगलापूरा अध्याय