ग्रंथऋग्वेदमण्डल 5सूक्त 2525.1ऋग्वेद 25.1अच्छा॑ वो अ॒ग्निमव॑से दे॒वं गा॑सि॒ स नो॒ वसु॑ः । रास॑त् पु॒त्र ऋ॑षू॒णामृ॒तावा॑ पर्षति द्वि॒षः ॥१॥अगलापूरा अध्याय