ग्रंथऋग्वेदमण्डल 1सूक्त 7575.3ऋग्वेद 75.3कस्ते॑ जा॒मिर्जना॑ना॒मग्ने॒ को दा॒श्व॑ध्वरः । को ह॒ कस्मि॑न्नसि श्रि॒तः ॥३॥पिछलाअगलापूरा अध्याय