ग्रंथश्रीरामचरितमानसउत्तरकाण्डदोहा 3737.2श्रीरामचरितमानस 37.2नाथ न मोहि संदेह कछु सपनेहुँ सोक न मोह। केवल कृपा तुम्हारिहि कृपानंद संदोह ॥36॥पिछलापूरा अध्याय