ग्रंथश्रीरामचरितमानसलङ्काकाण्डदोहा 4040.2श्रीरामचरितमानस 40.2जयति राम जय लछिमन जय कपीस सुग्रीव। गर्जहिं सिंघनाद कपि भालु महा बल सींव ॥39॥पिछलापूरा अध्याय