ग्रंथश्रीरामचरितमानसकिष्किन्धाकाण्डदोहा 2121.2श्रीरामचरितमानस 21.2हरषि चले सुग्रीव तब अंगदादि कपि साथ। रामानुज आगें करि आए जहँ रघुनाथ ॥20॥पिछलापूरा अध्याय