ग्रंथश्रीरामचरितमानसबालकाण्डदोहा 335335.2श्रीरामचरितमानस 335.2तेहि अवसर भाइन्ह सहित रामु भानु कुल केतु। चले जनक मंदिर मुदित बिदा करावन हेतु ॥334॥पिछलापूरा अध्याय