ग्रंथश्रीरामचरितमानसबालकाण्डदोहा 334334.2श्रीरामचरितमानस 334.2दाइज अमित न सकिअ कहि दीन्ह बिदेहँ बहोरि। जो अवलोकत लोकपति लोक संपदा थोरि ॥333॥पिछलापूरा अध्याय