ग्रंथश्रीरामचरितमानसबालकाण्डदोहा 320320.3श्रीरामचरितमानस 320.3नाऊ बारी भाट नट राम निछावरि पाइ। मुदित असीसहिं नाइ सिर हरषु न हृदयँ समाइ ॥319॥पिछलापूरा अध्याय