ग्रंथश्रीरामचरितमानसबालकाण्डदोहा 302302.2श्रीरामचरितमानस 302.2तेहिं रथ रुचिर बसिष्ठ कहुँ हरषि चढ़ाइ नरेसु। आपु चढ़ेउ स्पंदन सुमिरि हर गुर गौरि गनेसु ॥301॥पिछलापूरा अध्याय