ग्रंथश्रीरामचरितमानसबालकाण्डदोहा 124124.2श्रीरामचरितमानस 124.2छल करि टारेउ तासु ब्रत प्रभु सुर कारज कीन्ह।। जब तेहि जानेउ मरम तब श्राप कोप करि दीन्ह ॥123॥पिछलापूरा अध्याय