Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 3.32

सर्वान्विक्रम्य मिषतो लोकांश्चाक्रम्य मूर्धनि
जयद्रथो हतो राजन्किं नु शेषमुपास्महे

पूरा अध्याय