Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 165.16

सोऽतिष्ठदाहवे यत्तो विधूम इव पावकः
क्षत्रियाणामभावाय ब्राह्ममात्मानमास्थितः

पूरा अध्याय