Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 117.20

समेतौ तौ नरव्याघ्रौ शुष्मिणौ स्पर्धिनौ रणे
द्विरदाविव संक्रुद्धौ वाशितार्थे मदोत्कटौ

पूरा अध्याय