Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 79.55

अभिदुद्रुवतुर्हृष्टौ तव सैन्यं विशां पते
यथा दैत्यचमूं राजन्निन्द्रोपेन्द्राविवामरौ

पूरा अध्याय