ग्रंथमहाभारतभीष्मपर्वअध्याय 5757.14महाभारत 57.14तौ तु तत्र पितापुत्रौ परिक्षिप्तौ रथर्षभौ ददर्श राजन्पाञ्चाल्यः सेनापतिरमित्रजित्पिछलाअगलापूरा अध्याय