ग्रंथमहाभारतभीष्मपर्वअध्याय 5656.23महाभारत 56.23ततो रथानीकमुखादुपेत्य; सर्वास्त्रवित्काञ्चनचित्रवर्मा जवेन शूरोऽभिससार सर्वां;स्तथार्जुनस्यात्र सुतोऽभिमन्युःपिछलाअगलापूरा अध्याय