Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 58.2

संजय उवाच
शृणु राजन्यथा दृष्टौ मया कृष्णधनंजयौ
ऊचतुश्चापि यद्वीरौ तत्ते वक्ष्यामि भारत

पूरा अध्याय