ग्रंथमहाभारतउद्योगपर्वअध्याय 4848.18महाभारत 48.18एवमेतौ महावीर्यौ तौ पश्यत समागतौ वासुदेवार्जुनौ वीरौ समवेतौ महारथौपिछलाअगलापूरा अध्याय