Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 237.14

चित्रसेनः पाण्डवेन समाश्लिष्य परंतपः
कुशलं परिपप्रच्छ तैः पृष्टश्चाप्यनामयम्

पूरा अध्याय