Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 25.9

पार्थ नेदं त्वया शक्यं पुरं जेतुं कथंचन
उपावर्तस्व कल्याण पर्याप्तमिदमच्युत

पूरा अध्याय