Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 5.33

ऐश्वर्ये वर्तता चैव सांख्ययोगविदा तथा
नैकतन्त्रविबुद्धेन दृष्ट्वा दिव्येन चक्षुषा

पूरा अध्याय