ग्रंथमहाभारतअनुशासनपर्वअध्याय 136136.9महाभारत 136.9धुरि ये नावसीदन्ति विषमे सद्गवा इव पितृदेवातिथिमुखा हव्यकव्याग्रभोजिनःपिछलाअगलापूरा अध्याय