ग्रंथमहाभारतअनुशासनपर्वअध्याय 131131.54महाभारत 131.54मिताशिना सदा भाव्यं सत्पथालम्बिना सदा ब्राह्ममार्गमतिक्रम्य वर्तितव्यं बुभूषतापिछलाअगलापूरा अध्याय