ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 5959.41महाभारत 59.41रथा नागा हयाश्चैव पादाताश्चैव पाण्डव विष्टिर्नावश्चराश्चैव देशिकाः पथि चाष्टकम्पिछलाअगलापूरा अध्याय