Utshovऐप डाउनलोड करें

महाभारत 59.30

त्रिवर्ग इति विख्यातो गण एष स्वयंभुवा
चतुर्थो मोक्ष इत्येव पृथगर्थः पृथग्गणः

पूरा अध्याय