ग्रंथमहाभारतशान्तिपर्वअध्याय 4949.63महाभारत 49.63ततः कालेन पृथिवी प्रविवेश रसातलम् अरक्ष्यमाणा विधिवत्क्षत्रियैर्धर्मरक्षिभिःपिछलाअगलापूरा अध्याय